मरीज --डॉक्टर मेरा यूं पहला औपेरसन सै माड़ा ध्यान तै करियो
डॉक्टर -- डरे मतना यूं मेरा भी पहला ए औप्रेसन सै
Saturday, January 1, 2011
ऑक्सफोर्ड
अध्यापक --- ऑक्सफोर्ड (OX FORD) का क्या मतलब है ?
विद्यार्थी --- ऑक्स (OX) का मतलब बैल और (FORD) का मतलब गाड्डी
विद्यार्थी --- ऑक्स (OX) का मतलब बैल और (FORD) का मतलब गाड्डी
लेगे उडारी देखो
मियां बीबी रहगे ऐकले तीनो बालक लेगे उडारी देखो|
के के सपने संजोये थे जिब हुई ये संतान म्हारी देखो |
बचपन उनका सही बीते करे दीन रात काले हमनै
क्याहें की परवाह करी ना बहा पसीना पाले हमनै
पढ़न खंदाये लाड लड़ाए तनखा खर्ची सारी देखो|
कदे रुसजया कदे कुबध करै यो छोरा सबते छोटा मेरा
बड़ी छोरी हुई सयानी शादी का दुःख था मोटा मेरा
बिचली छोरी का के जिकरा वा तिनुओं मैं न्यारी देखो|
एक अम्बाला दूजी सूरत मैं परिवार अपने चला रही
ये मोबाइल साँझ सबेरी हमते रोजाना ही मिला रही
बात करें दुनिया भर की उमर बीतती जारी देखो
कई बार बहोत ऐकले मियां बीबी हम हो ज्यावें सें
झगडा करल्याँ छोटी बात पै लड़भीड़ सो ज्यावें सें
रणबीर सिंह आप बीती सै कलम मेरी पुकारी देखो|
के के सपने संजोये थे जिब हुई ये संतान म्हारी देखो |
बचपन उनका सही बीते करे दीन रात काले हमनै
क्याहें की परवाह करी ना बहा पसीना पाले हमनै
पढ़न खंदाये लाड लड़ाए तनखा खर्ची सारी देखो|
कदे रुसजया कदे कुबध करै यो छोरा सबते छोटा मेरा
बड़ी छोरी हुई सयानी शादी का दुःख था मोटा मेरा
बिचली छोरी का के जिकरा वा तिनुओं मैं न्यारी देखो|
एक अम्बाला दूजी सूरत मैं परिवार अपने चला रही
ये मोबाइल साँझ सबेरी हमते रोजाना ही मिला रही
बात करें दुनिया भर की उमर बीतती जारी देखो
कई बार बहोत ऐकले मियां बीबी हम हो ज्यावें सें
झगडा करल्याँ छोटी बात पै लड़भीड़ सो ज्यावें सें
रणबीर सिंह आप बीती सै कलम मेरी पुकारी देखो|
छलक जाती
डॉक्टर डॉक्टर आपको मेरी मदद करनी पड़ेगी | मैं अपने हाथों को हिलने से नहीं रोक पाता|
डॉक्टर -- क्या बहुत ज्यादा पीते हो ?
मरीज ---असल में नहीं | बहुत सारी तो छलक जाती है |
डॉक्टर -- क्या बहुत ज्यादा पीते हो ?
मरीज ---असल में नहीं | बहुत सारी तो छलक जाती है |
सच छिपाए ना छिपे
सच छिपाए न छिपे
एक बार भोपाल से ग्वालियर
ट्रेन से अपने घर जा रहा था मैं
उसी ट्रेन में उसी डिब्बे में एक
लड़की पास की सीट पर बैठी थी
थोड़ी बातचीत शुरू हुयी तो पूछा
मेरे घर परिवार के बारे में उसने
बताया पिता हाई कोर्ट में जज मेरे
मम्मी सुप्रीम कोर्ट की वकील हैं
लड़की मन ही मन में हंसने लगी
समझ नहीं सका मैं उसका हँसना
अपनी सीट पर लेट सो गया मैं
घर पहुंचा तो देखा वही लड़की
मेरे घर पर मेरे से पहले पहुंची थी
देख मुझे बहुत जोर से हँसी लड़की
असल में मेरी मौसी की बिटिया
मैंने सफ़र में पहली बार देखा उसे
उसकी हँसी ने शर्मशार किया मुझे
क्योंकि ट्रेन में जो बताया था मैंने
सभी कुछ झूठा था था कथन मेरा
उस दिन के बाद मैंने कसम खाई
अब के बाद झूठ नहीं बोलूँगा मैं
बहुत हद तक कसम मैंने है निभायी
कभी कभी झूठ बोलता हूँ मैं तो
ट्रेन का नजारा जरूर याद आता
एक बार फिर मुझे याद दिला जाता
एक बार भोपाल से ग्वालियर
ट्रेन से अपने घर जा रहा था मैं
उसी ट्रेन में उसी डिब्बे में एक
लड़की पास की सीट पर बैठी थी
थोड़ी बातचीत शुरू हुयी तो पूछा
मेरे घर परिवार के बारे में उसने
बताया पिता हाई कोर्ट में जज मेरे
मम्मी सुप्रीम कोर्ट की वकील हैं
लड़की मन ही मन में हंसने लगी
समझ नहीं सका मैं उसका हँसना
अपनी सीट पर लेट सो गया मैं
घर पहुंचा तो देखा वही लड़की
मेरे घर पर मेरे से पहले पहुंची थी
देख मुझे बहुत जोर से हँसी लड़की
असल में मेरी मौसी की बिटिया
मैंने सफ़र में पहली बार देखा उसे
उसकी हँसी ने शर्मशार किया मुझे
क्योंकि ट्रेन में जो बताया था मैंने
सभी कुछ झूठा था था कथन मेरा
उस दिन के बाद मैंने कसम खाई
अब के बाद झूठ नहीं बोलूँगा मैं
बहुत हद तक कसम मैंने है निभायी
कभी कभी झूठ बोलता हूँ मैं तो
ट्रेन का नजारा जरूर याद आता
एक बार फिर मुझे याद दिला जाता
बाबु के साहमी
रमलू अपने बाबू के सामने सिगरेट पी रहा था |
लोग बोले --रमलू तुम अपने बाप के सामने सिगरेट क्यों पी रहे हों ?
रमलू बोला- ये मेरा बाबू ही तो है कोई पट्रोल पम्प तो सै कोनी
लोग बोले --रमलू तुम अपने बाप के सामने सिगरेट क्यों पी रहे हों ?
रमलू बोला- ये मेरा बाबू ही तो है कोई पट्रोल पम्प तो सै कोनी
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